*जीपीएम , 28 जुलाई* । भारत के पूर्व राष्ट्रपति एवं महान वैज्ञानिक डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम की पुण्यतिथि पर सोमवार 27 जुलाई को पेंड्रा के मल्टीपरपज विद्यालय परिसर स्थित गार्डन में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। विद्यार्थियों और अतिथियों ने डॉ. कलाम के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उनके वैज्ञानिक योगदान, सादगी और राष्ट्र निर्माण में निभाई गई भूमिका को याद किया।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों को भारत के वैज्ञानिक विकास और जैव ईंधन के क्षेत्र में हुई ऐतिहासिक उपलब्धियों की जानकारी दी गई। बताया गया कि देश के पहले बायोडीजल विमान के सफल संचालन में गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले से संग्रहित जट्रोफा (रतनजोत) के बीजों से तैयार बायोडीजल का भी महत्वपूर्ण योगदान रहा। यह संग्रह अरपा सोन पर्यावरण सुरक्षा एवं मानव विकास समिति द्वारा किया गया था, जिसे आगे छत्तीसगढ़ बायोफ्यूल विकास प्राधिकरण को उपलब्ध कराया गया।
वक्ताओं ने विद्यार्थियों से डॉ. कलाम के सपनों का भारत बनाने के लिए विज्ञान, नवाचार और पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में मल्टीपरपज विद्यालय के प्राचार्य डी.आर. भार्गव, कृषि विभाग के पूर्व अधिकारी नामदेव जी , राष्ट्रीय सेवा योजना के प्रतिनिधि साहू जी तथा अरपा सोन पर्यावरण सुरक्षा एवं मानव विकास समिति के संरक्षक पूरन छाबरिया सहित अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।



